कोलकाता  :  सिउड़ी में कृषि जमीन रक्षा कमेटी द्वारा आयोजित सभा में भाग लेने पहुंचे विकासरंजन भट्टाचार्य और अब्दुल मन्नान सभास्थल तक तो नहीं पहुंच पाए मगर उनके वहां कदम रखते ही राजनीति गरमा गयी। तृणमूल जिलाध्यक्ष अणुव्रत मंडल ने विकास और मन्नान को धमकाते हुए कहा है कि वे दोबारा यहां न आए क्योंकि यहां आकर वह गंदी राजनीति कर रहे है। अणुव्रत ने पुलिस को भी अल्टीमेटम दिया है कि किसानों को समय रहते अपना आंदोलन वापस लेने के लिए मना लें। अणुव्रत ने कहा कि राज्य सरकार विकासकार्य कर रही है जबकि विरोधी नेता यहां आकर डर्टी राजनीति कर रहे हैं। बीरभूम में यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जरुरत पड़ी तो अपने तरीके से उन्हें रोका जाएगा। मालूम हो कि शिवपुर में करीब 300 एकड़ जमीन पर राज्य सरकार द्वारा आवासीय योजना के तहत निर्माण हो रहा है जबकि विकास और मन्नान ने आरोप लगाया है कि सरकार सरकारी योजना के नाम पर यहां ऊंची इमारते खड़ी कर रही है। शिवपुर मौजा के साबेरगंज में उद्योग स्थापित नहीं होने पर जमीन वापस किये जाने की मांग को लेकर कृषि जमीन रक्षा कमेटी द्वारा सभा का आयोजन किया गया। इस सभा में विकासरंजन भट्टाचार्य के साथ अब्दुल मन्नान पहुंचे मगर दोनों नेताओं को वहां जाने से रोक दिया गया। आरोप है कि इन नेताओं को रोकने के उद्देश्य से काफी संख्या में तृणमूल कांग्रेस समर्थक वहां इकट्ठा हुए। वहीं सूचना पाकर मौके पर पहुंचे के बोलपुर के एसडीपीओ अम्लान कुसुम घोष ने स्थिति देखते हुए दोनों नेताओं को रोक दिया। सीपीएम नेता विकास भट्टाचार्य ने बताया कि उद्योग स्थापित करने का वादा कर जमीन लेकर वहां बड़ा- बड़ा मकान तैयार कर बड़े लोगों के रहने का बंदोबस्त किया जा रहा है, जिसके विरोध में किसान आंदोलन कर रहे हैं। किसानों के आंदोलन को समर्थन करने के लिये वे यहां पहुंचते थे लेकिन तृणमूल कांग्रेस कर्मियों ने बांधा पहुंचाया। वहीं पुलिस ने भी बीच रास्ते में रोक दिया। गाड़ी से उतरकर पैदन चलने पर पुलिस ने बलपूर्वक रोक दिया। वहीं एक साधारण नागरिक होने पर उन्हें वहां जाने का पूरा अधिकार है। अब्दुल मन्नान ने कहा कि पुलिस ने उनका मौलिक अधिकार छिना है। आंदोलन समाप्त नहीं होगा बल्कि तेज किया जाएगा। फिलहाल शिवपुर में उत्तेजना का माहौल है। तृणमूल कांग्रेस कर्मियों द्वारा सभा के मंच में तोड़फोड़ कर कृषि जमीन रक्षा कमेटी समर्थकों के साथ मारपीट करने का आरोप है। झड़प में दोनों पक्षों के कई लोगों के जख्मी होने की सूचना है।