भारतीय सेना को वो ताकत मिल गई है जो पड़ोसी दुश्मन देशों के लिए अल्टीमेटम हैं । इस महाबली की ताकत से चीन के हौसले पस्त होने लगे हैं पाकिस्तान तो अंदर तक कांप गया है ! इस महाबली का नाम है मोरमुगाओ। मोरमुगाओ भारतीय जल सेना की ताकत में इतना इजाफा कर देगा कि इंडियन नेवी विश्व की सबसे ताकतवर नेवी में शुमार हो जाएगी। युद्ध के दौरान अपनी मारक क्षमता से मोरमुगाओ दुश्मन मुल्कों को जीने नहीं देगा। संमदर में हुंकार भर रहा मोरमुगाओ दुश्मन देशों के लिए अभी से अल्टीमेटम है। पाकिस्तान और चीन जानते हैं कि मोरमुगाओ में वो ताकत बसी है जो भारतीय जल सेना को विश्व के कई ताकतवर मुल्कों की जल सेना के बराबर में ला खड़ा कर रही है !
दरअसल भारतीय नेवी अपने अब तक के सबसे एडवांस डिस्ट्रॉयर वॉरशिप को लॉन्च कर दिया है। इस एडवांस डिस्ट्रॉयर वॉरशिप का नाम है मोरमुगाओ। आप इतना जान लीजिए कि मोरमुगाओ वो डिस्ट्ऱयर वॉरशिप में जिसमें भारत की सबसे ताकतवर और मारक सुपरमिसाइल ब्रह्मोस तैनात की जाएगी। वॉरशिप मोरमुगाओ को नेवी के प्रोजेक्ट 15बी के तहत बनाया गया है। 15 बी वो कैटेगरी है जिसमें वॉरशिप दुश्मन के रडार की पकड़ में आसानी से नहीं आते हैं। यानी समंदर के इस सर्वशक्तिमान को दुश्मन की आंखें पकड़ भी नहीं पाएगीं। मोरमुगाओ वो वॉरशिप है जो 70 किलोमीटर दूर से दुश्मन के प्लेन और मिसाइल का पता लगाने में सक्षम है। इसके अलावा मोरमुगाओ में काफी खासियत हैं जो जल सेना को सबसे ताकतवर बना देंगी।
मोरमुगाओ प्रोजेक्ट15-बी के अंतर्गत बनाया गया दूसरा वॉरशिप, पिछले साल अप्रैल में इसी कैटेगरी के तहत एक शिप भी लॉन्च किया गया था। मोेदी सरकार ने जल सेना के बेड़े में ऐसे 4 महाबली लॉन्च करने का फैसला किया था। इसके लिए सरकार ने 29,700 करोड़ रुपये का प्रोजक्ट तैयार किया है। मोरमुगाओ के वजन की बात करें तो ये 7300 टन का  है, साथ ही इसकी लंबाई 163 मीटर है। इस वॉरशिप में चार यूक्रेनियन बेस्ड गैस टर्बाइन इंजन लगे हैं। चार टर्बाइन इंजन का मतलब है कि मोरमुगाओ समंदर में 56 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकता है। इस एडवांस डिस्ट्रॉयर वॉरशिप मेें इंडियन नेवी के 50 ऑफिसर और 250 सेलर तैनात होंगे। ये कैपेसिटी इससे ज्यादा भी बढ़ाई जा सकती है।
इस वॉरशिप को मुंबई के मझगांव शिपयार्ड में बनाया गया है और माना जा रहा है कि मोरमुगाओ को नेवी में कमीशंड होने में अभी दो साल लगेंगे। कहा जा रहा है कि ये वॉरशिप दुनिया के सबसे एडवांस्ड गाइडेड मिसाइल डिस्ट्रॉयर में से एक है। ये वो वॉरशिप है जिससे बराक 8 लॉन्ग-रेंज मिसाइल दागी जा सकती है। ये ही वो वजह है कि इस वॉरशिप को दुनिया की सबसे मॉडर्न तकनीक में शुमार किया जा रहा है। सबसे खास बात ये है कि इस मिसाइल से 70 किमी दूर बैठे दुश्मन की लोकेशन भी पता की जा सकती है । सबसे बड़ी बात ये है कि मोरमुगाओ में भारत की सुपरसोनिक ब्रह्मोस क्रूज मिसाइल लैस की जाएगी। तो कुल मिलाकर भारतीय सेना को महाबली मिल गया है जो दुश्मनों को चारों खाने चित करने में बेहद सक्षम है।