हावड़ा में लगातार कोरोना पैर पसारता हुआ दिख रहा है। ऐसे में हावड़ा के विभिन्न इलाकों में मरीजों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। अस्पतालों पर लगातार बोझ बढ़ रहा है, सेवाएं लगभग चरमराने के करीब पहुंच गई हैं। इसका एक प्रमाण हावड़ा के एम. सी. घोष लेन में देखने को मिला, जहां एक कोरोना पॉजिटिव मरीज पिछले 24 घंटों से अस्पताल जाने के लिए एंबुलेंस का इंतजार करता रहा। उक्त संक्रमित व्यक्ति अपनी दो बच्चियों के साथ एक कमरे में पिछले 24 घंटे से बैठा है। बताया जा रहा है कि अस्पतालों में रोगियों को रखने की जगह ही नहीं बची है। इलाके के लोगों का आरोप है कि उन्होंने शनिवार की शाम 5 बजे हावड़ा के स्वास्थ्यविभाग में फोन किया लेकिन रविवार शाम 5 बजे तक कोई जबाब नही आया।

हावड़ा अस्पताल का कर्मचारी है :-

इलाके के लोगों के अनुसार उक्त कोरोना संक्रमित हावड़ा अस्पताल का कर्मचारी है। पिछले कई दिनों से बंद हावड़ा अस्पताल कुछ दिनों पहले खोला गया था। वहां के कर्मचारियों की लगातार जांच करवाई जा रही है। ऐसे में उक्त कर्मचारी की जांच की गई जिसके बाद शनिवार को उसका रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है।

बच्चियों को भी संक्रमण होने का डर

बताया जाता है कि उक्त कर्मचारी की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद से वह लगातार स्वास्थ्य विभाग में इसकी जानकारी दे रहा है, ताकि वहां से उसे अस्पताल ले जाया जाए, लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर वह अपनी बच्चियों के साथ अकेले ही एक कमरे में रह रहा है। एक बच्ची की उम्र 7 साल है और दूसरे की पौने 6 साल है।

प्रशासन पर लापरवाही का आरोप

इलाके के लोगों ने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा है कि पिछले 24 घंटे से कोरोना पॉजिटिव उनके इलाके में रह रहा है। लेकिन प्रशासन की ओर से इसकी कोई सुध नहीं ली गई है। ऐसे में इलाके में भी कोरोना फैलने का डर बना हुआ है।

अस्पताल में नहीं मिल रही है जगह

प्रदेश भाजपा महासचिव व इलाके के भाजपा नेता संजय सिंह के अनुसार वे कई बार हावड़ा के स्वास्थ्य विभाग में फोन कर चुके हैं, ताकि वे लोग एमसी घोष लेन के उक्त कोरोना संक्रमित को अस्पताल लेकर जाएं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से उन्हें कहा गया है कि हावड़ा के अस्पतालों में अब जगह ही नहीं बची है। गोलाबाड़ी के निजी अस्पताल और उलूबेड़िया के संजीवनी अस्पताल में बेड फुल हो चुके हैं। ऐसे में यहां नो एंट्री का बोर्ड लगा दिया गया है।

टेस्ट के बाद सामने आ रहे हैं मामले

निगम की ओर से लगातार विभिन्न इलाकों में ज्वाइंट ऑपरेशन ग्रुप अपनी टीम लेकर पहुंच रहे हैं। यहां पर इन ग्रुप के जरिए रोजाना सैकड़ों लोगों का स्वैब टेस्ट कराए जा रहे हैं। इनमें कई कोरोना संक्रमित मिल रहे हैं। लोगों के अनुसार अगर इस तरीके से ही लोग कोरोना पॉजिटिव मिलते रहे तो हावड़ा के अस्पतालों की व्यवस्था चरमरा जाएगी।